Breaking News
“पौड़ी प्रगति पोर्टल” का विधिवत शुभारंभ, विकास कार्यों की निगरानी होगी अब डिजिटल
“पौड़ी प्रगति पोर्टल” का विधिवत शुभारंभ, विकास कार्यों की निगरानी होगी अब डिजिटल
मुख्यमंत्री धामी ने केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी से की मुलाकात
मुख्यमंत्री धामी ने केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी से की मुलाकात
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने हाईस्कूल परीक्षा में 15वीं रैंक हासिल करने पर साक्षी को किया सम्मानित
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने हाईस्कूल परीक्षा में 15वीं रैंक हासिल करने पर साक्षी को किया सम्मानित
देहरादून में भीषण गर्मी का कहर, तापमान 38 डिग्री के पार
देहरादून में भीषण गर्मी का कहर, तापमान 38 डिग्री के पार
मुख्यमंत्री धामी ने हेमवती नंदन बहुगुणा की जयंती पर दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री धामी ने हेमवती नंदन बहुगुणा की जयंती पर दी श्रद्धांजलि
दर्दनाक सड़क हादसा- गहरी खाई में गिरा वाहन, चालक की मौत
दर्दनाक सड़क हादसा- गहरी खाई में गिरा वाहन, चालक की मौत
इकॉनोमी और ईकोलॉजी में समन्वय के साथ मानव जीवन स्तर को बेहतर बनाना हमारा मुख्य उद्देश्य- मुख्यमंत्री
इकॉनोमी और ईकोलॉजी में समन्वय के साथ मानव जीवन स्तर को बेहतर बनाना हमारा मुख्य उद्देश्य- मुख्यमंत्री
देहरादून में महिला जन आक्रोश रैली, मुख्यमंत्री धामी हुए शामिल
देहरादून में महिला जन आक्रोश रैली, मुख्यमंत्री धामी हुए शामिल
प्रधानमंत्री मोदी ने टिहरी सड़क हादसे पर जताया दुःख
प्रधानमंत्री मोदी ने टिहरी सड़क हादसे पर जताया दुःख

ईरान पर दोबारा हमला हुआ, तो इस्लामी गणराज्य अपनी पूरी सैन्य ताकत के साथ देगा जवाब- अराघची

ईरान पर दोबारा हमला हुआ, तो इस्लामी गणराज्य अपनी पूरी सैन्य ताकत के साथ देगा जवाब- अराघची

दावोस से बाहर होने के बाद अराघची के तेवर सख्त, अमेरिका को सीधी धमकी

तेहरान/वॉशिंगटन। ईरान में जारी विरोध-प्रदर्शनों और अंतरराष्ट्रीय दबाव के बीच ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने अमेरिका को कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि यदि ईरान पर दोबारा किसी भी तरह का सैन्य हमला हुआ, तो इस्लामी गणराज्य अपनी पूरी सैन्य ताकत के साथ जवाब देगा। अराघची की यह चेतावनी ऐसे समय सामने आई है, जब अमेरिका अपनी सैन्य मौजूदगी मध्य पूर्व क्षेत्र में लगातार बढ़ा रहा है।

दावोस फोरम से बाहर किए जाने के बाद सख्त रुख
ईरान में प्रदर्शनकारियों की मौतों को लेकर अंतरराष्ट्रीय आलोचना झेल रहे अराघची को विश्व आर्थिक मंच (दावोस) में आमंत्रण नहीं दिया गया था। इसके बाद से ही ईरानी नेतृत्व के तेवर और सख्त होते नजर आ रहे हैं। इसी कड़ी में अराघची ने अमेरिकी नीति पर निशाना साधते हुए कहा कि ईरान अब किसी भी उकसावे को नजरअंदाज नहीं करेगा।

अमेरिकी सैन्य गतिविधियों से बढ़ी चिंता
रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिका ने हाल के दिनों में अपने लड़ाकू विमान, नौसैनिक बेड़े और अन्य सैन्य संसाधनों को एशिया से हटाकर मध्य पूर्व की ओर भेजना शुरू किया है। इसे लेकर ईरान ने आशंका जताई है कि क्षेत्र में तनाव को जानबूझकर बढ़ाया जा रहा है। अराघची ने वॉल स्ट्रीट जर्नल में लिखे अपने लेख में कहा कि जून 2025 में ईरान ने संयम दिखाया था, लेकिन अब हालात बदल चुके हैं।

‘जंग पसंद नहीं, लेकिन मजबूरी में जवाब देंगे’
ईरानी विदेश मंत्री ने कहा कि वे व्यक्तिगत रूप से युद्ध के खिलाफ हैं, लेकिन राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता नहीं किया जा सकता। उन्होंने चेताया कि अगर संघर्ष बढ़ता है तो उसका असर केवल ईरान और इस्राइल तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पूरा क्षेत्र इसकी चपेट में आ सकता है।

अमेरिकी ठिकानों पर हमले के संकेत
अराघची के बयान से संकेत मिलते हैं कि ईरान के पास मौजूद कम और लंबी दूरी की मिसाइलें किसी भी जवाबी कार्रवाई का हिस्सा बन सकती हैं। विश्लेषकों के अनुसार, यदि हालात बिगड़ते हैं तो ईरान अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बना सकता है। इससे मध्य पूर्व में बड़े टकराव की आशंका और गहरा गई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top