Breaking News
किशोरों की मानसिक सेहत पर बढ़ रहा चिंता का असर, जानें लक्षण और बचाव के उपाय
किशोरों की मानसिक सेहत पर बढ़ रहा चिंता का असर, जानें लक्षण और बचाव के उपाय
मुख्यमंत्री ने बाल वैज्ञानिकों से किया संवाद, उनकी जिज्ञासाओं के दिए उत्तर
मुख्यमंत्री ने बाल वैज्ञानिकों से किया संवाद, उनकी जिज्ञासाओं के दिए उत्तर
नैनीताल में कानून व्यवस्था को लेकर DM सख्त, गुंडा एक्ट में 4 व्यक्ति जिला बदर
नैनीताल में कानून व्यवस्था को लेकर DM सख्त, गुंडा एक्ट में 4 व्यक्ति जिला बदर
दिव्यांगजनों को मतदान के प्रति किया जागरूक, शत-प्रतिशत मतदान का आह्वान
दिव्यांगजनों को मतदान के प्रति किया जागरूक, शत-प्रतिशत मतदान का आह्वान
‘रणबाली’ का धमाकेदार ट्रेलर रिलीज, अंग्रेजों से लोहा लेते दिखे विजय देवरकोंडा
‘रणबाली’ का धमाकेदार ट्रेलर रिलीज, अंग्रेजों से लोहा लेते दिखे विजय देवरकोंडा
भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला आज
भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला आज
टीसीएस के मुनाफे में 15% का उछाल, दूसरी तिमाही में 13,884 करोड़ रुपये की कमाई
टीसीएस के मुनाफे में 15% का उछाल, दूसरी तिमाही में 13,884 करोड़ रुपये की कमाई
मुख्यमंत्री धामी से विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने की भेंट
मुख्यमंत्री धामी से विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने की भेंट
सिंगल यूज प्लास्टिक पर डीएम सख्त, सप्लाई नेटवर्क तोड़ने के निर्देश
सिंगल यूज प्लास्टिक पर डीएम सख्त, सप्लाई नेटवर्क तोड़ने के निर्देश

भारत-यूके व्यापार समझौता: तीसरे देशों से सस्ते आयात पर लगेगी रोक, सरकार ने जारी किए नए नियम

भारत-यूके व्यापार समझौता: तीसरे देशों से सस्ते आयात पर लगेगी रोक, सरकार ने जारी किए नए नियम

भारत और यूनाइटेड किंगडम (यूके) के बीच होने वाले कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट (CETA) के लागू होने से पहले केंद्र सरकार ने रूल्स ऑफ ओरिजिन को अधिसूचित कर दिया है। इन नियमों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि व्यापार समझौते का लाभ केवल उन्हीं वस्तुओं को मिले, जिनका वास्तविक उत्पादन भारत या यूके में हुआ हो।

सरकार के अनुसार, यदि किसी उत्पाद में तीसरे देश से आयातित सामग्री का उपयोग किया गया है, तो उसे निर्धारित स्थानीय मूल्य संवर्धन और निर्माण प्रक्रिया की शर्तों को पूरा करना होगा। ऐसा नहीं होने पर उस उत्पाद को समझौते के तहत मिलने वाली शुल्क छूट का लाभ नहीं मिलेगा।

नए नियमों का मुख्य उद्देश्य तीसरे देशों द्वारा भारत-यूके व्यापार समझौते का गलत फायदा उठाने की संभावनाओं को रोकना है। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि केवल पात्र उत्पाद ही रियायती शुल्क व्यवस्था के दायरे में आएं।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस व्यवस्था से व्यापार में पारदर्शिता बढ़ेगी, घरेलू उद्योगों को सुरक्षा मिलेगी और भारत तथा यूके के बीच आयात-निर्यात अधिक संतुलित और भरोसेमंद बनेगा। साथ ही, नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन से दोनों देशों के बीच आर्थिक सहयोग को भी नई मजबूती मिलने की उम्मीद है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top