Breaking News
मछुआरा समाज के वोटों की दलाली करने वालों से रहें सावधान: संजय निषाद
मछुआरा समाज के वोटों की दलाली करने वालों से रहें सावधान: संजय निषाद
गरीब राजभर समाज में पैदा हुआ, इसलिए मेरी पैदाइश पर टिप्पणी: ओम प्रकाश राजभर
गरीब राजभर समाज में पैदा हुआ, इसलिए मेरी पैदाइश पर टिप्पणी: ओम प्रकाश राजभर
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी हिंदी दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी हिंदी दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं
महाराष्ट्र में गणेश उत्सव का आगाज, ‘गणपति बप्पा मोरया’ के जयकारों से गूंजा मुंबई
महाराष्ट्र में गणेश उत्सव का आगाज, ‘गणपति बप्पा मोरया’ के जयकारों से गूंजा मुंबई
महिला एशिया कप 2026- श्रीलंका को 72 रनों से हराकर भारत बना चैंपियन
महिला एशिया कप 2026- श्रीलंका को 72 रनों से हराकर भारत बना चैंपियन
दिल्ली के ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत, 55 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रिंग रोड कॉरिडोर 6 फेज में होगा निर्माण
दिल्ली के ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत, 55 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रिंग रोड कॉरिडोर 6 फेज में होगा निर्माण
जानकी सेतु के पास नदी के बीच टापू में फंसे 19 वर्षीय युवक का SDRF ने किया सकुशल रेस्क्यू
जानकी सेतु के पास नदी के बीच टापू में फंसे 19 वर्षीय युवक का SDRF ने किया सकुशल रेस्क्यू
देहरादून में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ प्रशासन की सख्ती, 532 किलो प्रतिबंधित प्लास्टिक जब्त
देहरादून में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ प्रशासन की सख्ती, 532 किलो प्रतिबंधित प्लास्टिक जब्त
गंगोत्री धाम की यात्रा ने रचा इतिहास,पहली बार पहुंचे 7.84 लाख से अधिक श्रद्धालु
गंगोत्री धाम की यात्रा ने रचा इतिहास,पहली बार पहुंचे 7.84 लाख से अधिक श्रद्धालु

मछुआरा समाज के वोटों की दलाली करने वालों से रहें सावधान: संजय निषाद

मछुआरा समाज के वोटों की दलाली करने वालों से रहें सावधान: संजय निषाद

बोले, यूपी में पहली बार राजनीतिक ताकत बनकर खड़ा हुआ मछुआरा समाज, मौसमी नेताओं से सतर्क रहने की जरूरत

लखनऊ। कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने विधानसभा चुनाव की बढ़ती सरगर्मी के बीच मछुआरा समाज को मौसमी नेताओं से सावधान रहने की नसीहत दी है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि आजादी के बाद पहली बार उत्तर प्रदेश में मछुआरा समुदाय एक बड़ी राजनीतिक ताकत बनकर खड़ा हुआ है। ऐसे समय में समाज के वोटों की दलाली करने वालों को पहचानने की जरूरत है।

डॉ. संजय निषाद ने बिना किसी का नाम लिए निशाना साधते हुए कहा कि कुछ मौसमी नेता अब तक यह तय नहीं कर पाए हैं कि उन्हें मुंबई में व्यापार करना है, यहां-वहां घूमकर दूसरों की दरी बिछानी है या मछुआरा समाज के वोटों की दलाली करनी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में मछुआरा समुदाय के वोटों की खरीद-बिक्री के लिए बदनाम और वहां समाज के राजनीतिक उभार को नुकसान पहुंचाने वाले लोग अब उत्तर प्रदेश में निषाद समाज को गुमराह करने निकले हैं।

उन्होंने कहा कि जो खुद एक विधानसभा चुनाव जीतने की हैसियत नहीं रखता, वह जेब में नोटों की गड्डी लेकर लाल टोपी और नीली वर्दी पहनकर यूपी के निषाद समाज को राजनीति सिखाने चला है। मछुआरा समुदाय पैसों पर बिकने वाली कौम नहीं है। उत्तर प्रदेश के मछुआरों को राजनीति सिखाने से पहले यह समझ लेना चाहिए कि राजनीति और संघर्ष उनके खून में है।

डॉ. निषाद ने कहा कि मछुआरा समाज ने मुगलों और अंग्रेजों से संघर्ष किया और देश की आजादी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। संविधान में समाज को अधिकार और आरक्षण मिला, लेकिन आपसी बिखराव के कारण उसका हक लुटता रहा। आज भी केवट, मल्लाह, बिंद और कश्यप के नाम पर भेद पैदा कर समाज को एकजुट होने से रोकने की कोशिश की जा रही है।

उन्होंने कहा कि दूसरे दलों से पैसा लेकर समाज के बीच बांटने और उसके वोटों का सौदा करने वालों को समाज पहचान ले। मछुआरा गरीब जरूर है, लेकिन अपने स्वाभिमान और अधिकारों का सौदा करने वाला नहीं है। उन्होंने पोस्ट के अंत में ‘जय निषादराज’ लिखा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top