Breaking News
ईरान ने जॉर्डन स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने को बनाया निशाना, दागी कई मिसाइलें
ईरान ने जॉर्डन स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने को बनाया निशाना, दागी कई मिसाइलें
पं. गोविंद बल्लभ पंत के आदर्शों को आत्मसात कर जनसेवा के दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करें- डीएम
पं. गोविंद बल्लभ पंत के आदर्शों को आत्मसात कर जनसेवा के दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करें- डीएम
मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत 4812 लाभार्थियों को 2.87 करोड़ रुपये की धनराशि जारी
मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत 4812 लाभार्थियों को 2.87 करोड़ रुपये की धनराशि जारी
मुख्यमंत्री धामी ने शहीद स्मारक पर शहीदों को अर्पित की श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री धामी ने शहीद स्मारक पर शहीदों को अर्पित की श्रद्धांजलि
उत्तराखंड को-ऑपरेटिव बैंक में 12.31 लाख के गबन का आरोपी गिरफ्तार, दून पुलिस ने विकासनगर से दबोचा
उत्तराखंड को-ऑपरेटिव बैंक में 12.31 लाख के गबन का आरोपी गिरफ्तार, दून पुलिस ने विकासनगर से दबोचा
रफ लुक, जबरदस्त एक्शन और अंग्रेजों से टक्कर… ‘रणबाली’ का दमदार टीजर हुआ रिलीज़
रफ लुक, जबरदस्त एक्शन और अंग्रेजों से टक्कर… ‘रणबाली’ का दमदार टीजर हुआ रिलीज़
धामी सरकार की पहल से जरूरतमंद बच्चों के लिए संवर रहा सुरक्षित आशियाना
धामी सरकार की पहल से जरूरतमंद बच्चों के लिए संवर रहा सुरक्षित आशियाना
मुख्यमंत्री धामी ने महालक्ष्मी अष्टभुजा मंदिर में की पूजा-अर्चना
मुख्यमंत्री धामी ने महालक्ष्मी अष्टभुजा मंदिर में की पूजा-अर्चना
महिला एशिया कप 2026-  भारत और बांग्लादेश के बीच पहला सेमीफाइनल मुकाबला आज
महिला एशिया कप 2026- भारत और बांग्लादेश के बीच पहला सेमीफाइनल मुकाबला आज

IPC और CRPC की होगी छुट्टी, 1 जुलाई से देश में लागू होंगे 3 नए क्रिमिनल कानून

IPC और CRPC की होगी छुट्टी, 1 जुलाई से देश में लागू होंगे 3 नए क्रिमिनल कानून

नई दिल्ली। देश में 1 जुलाई से तीन नए आपराधिक कानून लागू होने जा रहे हैं. इस नए कानून के लागू होने के बाद देश में आईपीसी और सीपीआरपीसी की छुट्टी हो जाएगी.इसके अलावा अब किसी भी अपराध की एफआईआर किसी भी थाने में दर्ज कराई जा सकेगी. इसके अलावा औपनिवेशिक काल से चल रहे तीन कानून भारतीय दंड संहिता (IPC), दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) और 1872 के भारतीय साक्ष्य अधिनियम की जगह नए क्रिमिनल कानून देश में लागू होंगे- भारतीय न्याय संहिता (BNS), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) और भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) 1 जुलाई से लागू होने जा रहे हैं.

ये तीनों कानून पिछले साल 2023 में संसद के मानसून सत्र के दौरान पेश किए गए थे. जो कि देश में अब लागू किए जाएंगे. नए कानून भारतीय न्याय संहिता (BNS), 163 साल पुराने IPC की जगह लेगा. इसके अलावा आतंकवाद और राष्‍ट्रीय सुरक्षा जैसे खतरनाक अपराधों के मामले में सजा को और सख्‍त बनाया जाएगा.

राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालने वाले अपराधों को आतंकवाद के अपराध में परिभाषित किया गया है. मॉब लिंचिंग मामले को आतंक के रूप में गिना जाएगा. इस मामले की सजा आतंकवाद के अपराध के रूप में की जाएगी.

1 जूलाई से होंगे ये बदलाव
1. FIR से लेकर कोर्ट के निर्णय तक की सुनवाई पूरी तरह से ऑनलाइन होगी.
2.ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने के तीन के अंदर करनी होगी FIR दर्ज, वरना होगी कड़ी कार्रवाई.
3. सात साल से ज्यादा सजा वाले सभी अपराधों में फॉरेंसिक जांच अनिवार्य की जाएगी.
4. यौन उत्पीड़न के मामले में 7 दिनों के अंदर जमा करनी होगी रिपोर्ट.
5. कोर्ट में पहली सुनवाई से पहले 60 दिनों के अंदर आरोप तय किया जाने का प्रावधान
6. आपराधिक मामलों में सुनवाई पूरी होने के 45 दिनों के अंदर करना होगा फैसला
7. भगोड़े अपराधियों को लेकर 90 दिनों के अंदर करना होगा केस दायर करने का प्रावधान
8. आतंकवाद, मॉब लींच‍िंग और राष्‍ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालने वाले अपराधों के ल‍िए सजा को और सख्‍त बनाया गया.
9. नए कानून में अपराधी को दस साल तक की कैद और जुर्माने का प्रावधान होगा, जो बिना किसी इरादे के शादी का वादा करके धोखे से यौन संबंध बनाते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top